Friday , June 19 2026

लेख/स्तम्भ

झांसी की रानी और अस्मिता का संघर्ष

बलिदान दिवस (18 जून) पर विशेष (डॉ. एस.के. गोपाल) भारतीय इतिहास में कुछ व्यक्तित्व ऐसे हैं जो समय की सीमाओं से परे जाकर प्रेरणा के शाश्वत स्रोत बन जाते हैं। झांसी की रानी लक्ष्मीबाई ऐसा ही एक नाम है। उनका जीवन केवल एक रानी का जीवन नहीं था, वह अन्याय …

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मानवता पूछ रही है: क्या विश्व नेतृत्व ने सबक लिया?

(भगवान प्रसाद गौड़) लगभग 7250 से अधिक मौतें, 300 अरब डॉलर की तबाही। तेल बाजारों में उथल-पुथल। वैश्विक अर्थव्यवस्था में अनिश्चितता। और पूरी दुनिया में एक भय-क्या दुनिया को तीसरे विश्वयुद्ध की ओर धकेल दिया गया है? फिर अचानक युद्धविराम और समझौते की खबर आती है। दुनिया राहत की सांस …

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जिजाबाई और स्वराज्य की वैचारिक नींव

पुण्यतिथि (17 जून) पर विशेष (डॉ. एस.के. गोपाल) भारतीय इतिहास में राजमाता जिजाबाई का महत्वपूर्ण स्थान है। वे छत्रपति शिवाजी महाराज की माता थीं। उन्होंने स्वराज्य की अवधारणा, नेतृत्व के संस्कार और जनकल्याणकारी शासन की भावना को आकार दिया। उनके जीवन का अध्ययन यह समझने में सहायता करता है कि …

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रक्त की बूंदें बन जाती हैं जीवन की आशा

विश्व रक्तदान दिवस (14 जून) पर विशेष (डॉ. एस.के. गोपाल) अस्पतालों में काम करने वाले डॉक्टर और नर्सें अच्छी तरह जानते हैं कि कई बार जीवन और मृत्यु के बीच की दूरी केवल कुछ यूनिट रक्त जितनी होती है। सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति हो, प्रसव के दौरान गंभीर स्थिति …

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जसपाल राणा – अभी तो बहुत काम बाकी था

(मृत्युंजय दीक्षित) भारतीय निशानेबाजी के महारथी और कोच जसपाल राणा के असामयिक निधन से सभी ओर शोक व्याप्त है।  मात्र 49 वर्ष में चले जाना निश्चय ही ह्रदय विदारक है। देश के लिए अपूरणीय क्षति है। जसपाल  निशानेबाजी के ऐसे पुरोधा थे जिन्होंने कॉमनवेल्थ खेलों  में 15 पदक जीतकर भारत …

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तुलना का दंश : जब शब्द बन जाते हैं मानसिक हिंसा

(भगवान प्रसाद गौड़) हिंसा का अर्थ केवल शारीरिक आघात तक सीमित नहीं है। किसी व्यक्ति के मन, आत्मसम्मान और आत्मविश्वास को चोट पहुँचाने वाला व्यवहार भी हिंसा का ही एक रूप है। दुर्भाग्य से आधुनिक समाज में एक ऐसी मानसिक हिंसा निरंतर बढ़ रही है जिसे सामान्य और आवश्यक व्यवहार …

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तृण तृण बिखरती तृणमूल

(मृत्युंजय दीक्षित) जब 4 मई 2026 को बंगाल जनता ने ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल सरकार की विदाई का जनादेश सुनाया तब किसी ने भी सपने नहीं सोचा था कि इस हार के बाद तृणमूल कांग्रेस तृण तृण होकर बिखरने लगेगी।  बंगाल विधानसभा में तृणमूल के 80 विधायक जीतकर …

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भारतीय क्रिकेट का नया युग – श्रेयस और वैभव बनेंगे पहचान 

(मृत्युंजय दीक्षित) वर्ष- 2026 भारतीय क्रिकेट में बड़े बदलाव के लिये याद किया जाएगा । आईपीएल -2026 की समाप्ति के बाद भारतीय क्रिकेट टीम में कप्तान से लेकर खिलाड़ियों के चयन तक में व्यापक बदलाव हो गया है।  मात्र 15 वर्ष की आयु में ही अपनी बल्लेबाजी से सभी को …

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महाराजा सुहेलदेव और भारतीय स्वाभिमान की विजय

(डा. एस.के. गोपाल) इतिहास केवल बीते समय का लेखा-जोखा नहीं होता। इतिहास समाज की स्मृति होता है। इतिहास भविष्य का मार्गदर्शक भी होता है। कुछ व्यक्तित्व ऐसे होते हैं जो अपने युग की सीमाओं से आगे निकल जाते हैं। वे केवल व्यक्ति नहीं रहते, विचार बन जाते हैं। महाराजा सुहेलदेव …

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उत्तर प्रदेश में अपराध और अपराधियों के खिलाफ जीरो टालरेंस नीति 

अब कोई भी माफिया आम नागरिक को डरा नही सकता  (मृत्युंजय दीक्षित) उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए  प्रतिबद्ध हैं और इस मुद्दे पर कोई समझौता नहीं करते। इसी क्रम में  प्रदेश के नए डीजीपी राजीव कृष्ण ने स्पष्ट कर दिया  है कि प्रदेश …

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