Tuesday , August 25 2026

टीबी के प्रति भ्रांतियां दूर करने और जागरूकता बढ़ाने पर दिया जोर

वर्धा (टेलीस्कोप टुडे संवाददाता)। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के ‘टीबी मुक्त भारत अभियान’ तथा विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) की ‘चेतना सीरीज’ के अंतर्गत मंगलवार को महात्मा गांधी अंतरराष्ट्रीय हिंदी विश्वविद्यालय के ग़ालिब सभागार में विशेष ऑनलाइन व्याख्यान का सामूहिक प्रसारण किया गया। कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के शिक्षकों, शोधार्थियों, विद्यार्थियों एवं कर्मचारियों ने बड़ी संख्या में सहभागिता की।

कार्यक्रम का विषय ‘टीबी मुक्त भारत अभियान : टीबी मुक्त भारत के लिए जागरूकता पैदा करना’ था।ऑनलाइन सत्र में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग की सचिव प्रो. श्यामा रथ तथा केंद्रीय टीबी संभाग, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की उप महानिदेशक डॉ. शोबिनी राजन ने टीबी की रोकथाम, समय पर जांच, उपचार तथा जन-जागरूकता के महत्त्व पर जानकारी दी।

वक्ताओं ने टीबी के प्रति व्याप्त भ्रांतियों एवं सामाजिक कलंक को दूर करने तथा टीबी रोगियों के प्रति संवेदनशील दृष्टिकोण अपनाने पर जोर दिया। साथ ही विद्यार्थियों एवं युवाओं से अपने परिवार और समाज में टीबी के प्रति जागरूकता फैलाने का आह्वान किया गया। कार्यक्रम के माध्यम से विश्वविद्यालय समुदाय को ‘टीबी मुक्त भारत’ के राष्ट्रीय संकल्प में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित किया गया। प्रतिभागियों ने टीबी के प्रति जागरूकता बढ़ाने और स्वस्थ समाज के निर्माण में योगदान देने की प्रतिबद्धता व्यक्त की।

इस अवसर पर टीबी मुक्‍त भारत अभियान के नोडल अधिकारी डॉ. जयंत उपाध्‍याय, हिंदी साहित्‍य विभाग के डॉ. अशोक नाथ त्रिपाठी, डॉ. कोमल कुमार परदेशी, दर्शनशास्‍त्र एवं संस्‍कृति विभाग के डॉ. रणंजय कुमार सिंह, जनसंपर्क अधिकारी बी.एस. मिरगे सहित कर्मचारी, शोधार्थी एवं विद्यार्थियों की उपस्थिति रही। सभी ने टीबी मुक्‍त भारत की शपथ लेकर ऑनलाइन प्रमाणपत्र भी प्राप्‍त किये।