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AKTU : सांस्कृतिक कार्यक्रम में दिखी प्रदेश की वैभवशाली विरासत की झांकी

लखनऊ (टेलीस्कोप टुडे संवाददाता)। डाॅ0 एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय में शनिवार को उत्तर प्रदेश का स्थापना दिवस कार्यक्रम धूमधाम से मनाया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ प्रतिकुलपति प्रो0 राजीव कुमार, कुलसचिव रीना सिंह, वित्त अधिकारी केशव सिंह, अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो0 ओपी सिंह ने दीप प्रज्ज्वलन से किया। 

इस दौरान छात्रों ने उत्तर प्रदेश पर आधारित विभिन्न प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किये। कुलपति प्रो0 जेपी पाण्डेय के निर्देशन में कार्यक्रम की शुरूआत उत्तर प्रदेश पर आधारित एक लघु फिल्म से हुई। प्रदेश के उद्गम से लेकर अब तक की विकास यात्रा एवं सांस्कृतिक, ऐतिहासिक और सामाजिक पक्षों को समेटे यह लघु फिल्म काफी रोचक रही।

मंच पर उतरे भगवान राम और कृष्ण

कार्यक्रम के दौरान छात्रों ने उत्तर प्रदेश की पावन धरा पर जन्मे भगवान राम और कृष्ण के रूप में प्रस्तुति दी। साथ ही काशी में भगवान शिव के विभिन्न पक्षों को मनमोहक ढंग से दिखाया। इसके अलावा विन्ध्याचल मां के रूप में सजी छात्राओं ने प्रस्तुति से मन मोह लिया। साथ ही छात्रों के दल ने प्रदेश के विभिन्न पक्षों पर आधारित सामूहिक नृत्य एवं गीत की शानदार प्रस्तुति दी।

रंगोली और पेंटिंग में दिखी यूपी की संस्कृति

कार्यक्रम के दौरान छात्रों की बनाई रंगोली और पेंटिंग में उत्तर प्रदेश की संस्कृति, सभ्यता, ऐतिहासिकता एवं सामाजिक तानेबाने का चित्र उभरा। विभिन्न रंगों के संयोजन से छात्रों ने प्रदेश के महत्वपूर्ण स्थलों, मंदिरों एवं स्थानों को अपने रंगोली और पेंटिंग का हिस्सा बनाया। इन प्रतियोगिताओं में विश्वविद्यालय के घटक संस्थान जिसमें, सेंटर फाॅर एडवांस स्टडीज, फैकल्टी ऑफ आर्किटेक्चर एंड डिजाइन, फैकल्टी ऑफ मैनेजमेंट एवं फैकल्टी ऑफ फाॅर्मेसी के छात्रों ने हिस्सा लिया।

इसके अलावा प्रदेश की सामाजिक, सांस्कृतिक, ऐतिहासिक, वैज्ञानिक विशेषताओं पर छात्रों ने भाषण भी दिया। मध्य प्रदेश के सामान्य ज्ञान पर छात्रों के बीच एक क्विज प्रतियोगिता आयोजित करायी गयी। विभिन्न प्रतियोगिताओं में प्रतिभाग करने वाले विजेता छात्रों को पुरस्कृत भी किया गया। साथ ही छात्रों ने प्रदेश के 75 जिलों के बारे में संक्षिप्त जानकारी भी दी।

इस मौके पर प्रतिकुलपति प्रो0 राजीव कुमार ने प्रदेश की गौरवशाली विरासत पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि यह प्रदेश हमेशा से संभावनाओं और प्रतिभा से भरा रहा है। जरूरत है अपनी क्षमताओं को पहचानने की। कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य को उत्तर प्रदेश के योगदान से पाना आसान है। इसके लिए युवाओं को अपनी जिम्मेदारी निभानी होगी।

कुलसचिव रीना सिंह ने विषय स्थापना करते हुए कहा कि यह उत्तर प्रदेश का अतीत गौरव से भरा हुआ है तो वर्तमान सशक्त है जबकि इस प्रदेश का भविष्य उज्ज्वल है। हमें प्रदेश की विरासत को आगे बढ़ाते हुए विकास के नये सोपान गढ़ने होंगे।

वित्त अधिकारी केशव सिंह ने कहा कि इस प्रदेश का इतिहास स्वर्णिम रहा है। हमें अपने अतीत को जानना बहुत जरूरी है। तभी हम नया इतिहास बना सकते हैं। कहा कि हमने बहुत सी चुनौतियों का सामना किया लेकिन अपने कौशल से सभी को पार कर लिया। उन्होंने युवाओं से प्रदेश और देश के विकास में योगदान देने की भी अपील की।

कार्यक्रम का समन्वय अधिष्ठाता छात्रकल्याण प्रो0 ओपी सिंह एवं संचालन डाॅ. अनुज कुमार शर्मा ने किया। जबकि धन्यवाद ज्ञापन डाॅ0 आयुष श्रीवास्तव ने दिया। इस मौके पर प्रो0 रितु गुलाटी, उपकुलसचिव डाॅ0 डीपी सिंह, डाॅ0 आकाश वेद, सहायक कुलसचिव रंजीत सिंह, सहा0 कुलसचिव सुनील पाण्डेय सहा0 कुलसचिव शिवम गुप्ता सहित छात्र छात्राएं मौजूद रहे।