‘इंडियाज़ बेस्ट डांसर 5’ में करिश्मा कपूर ने शेयर किए गोविंदा संग डांस के दिलचस्प किस्से

मुंबई (टेलीस्कोप टुडे संवाददाता)। सोनी एंटरटेनमेंट टेलीविज़न पर इंडियाज़ बेस्ट डांसर सीज़न 5 का प्रीमियर ‘इंडिया वाला डांस’ का जश्न मनाते हुए दर्शकों को पुरानी यादों की भावुक झलक देने जा रहा है। जब बॉलीवुड आइकन करिश्मा कपूर अपने मशहूर गाने “गोरिया चुरा ना मेरा जिया” कूली नं. 1 की यादें ताज़ा करती हैं, जो देशभर के दर्शकों को जोड़ने वाली रंगीन, देसी डांस स्पिरिट का उत्सव है।”

प्रतियोगी अंशिका धरा के जोशीले प्रदर्शन के बाद करिश्मा कपूर ने पूरे मन से उस प्रस्तुति की सराहना की, उसकी मौलिकता और आधुनिक स्वभाव दोनों की प्रशंसा करते हुए। अपने विचार साझा करते हुए उन्होंने कहा, “आपके गाने का जो फ्लेवर है, जो एसेंस है, आपने रखा और उसमें एक मॉडर्न ट्विस्ट भी दिया। मुझे बहुत मज़ा आया। यह ‘गोरिया चुरा ना मेरा जिया’ का अपडेटेड वर्ज़न था, तो मुझे बहुत बेहतर लगा। ग्रेट कोरियोग्राफी, ग्रेट परफ़ॉर्मेंस। बहुत मेहनत किया है आपने, और वो साफ़ दिख रहा है। आप और रूपेश को बहुतबहुत बधाई। मैंने इसे पूरी तरह एंजॉय किया।”

करिश्मा ने अपने अनुभव साझा करते हुए बताया कि उस गाना की शूटिंग के समय वह कितनी युवा और घबराई हुई थीं। उन्होंने कहा, “आप सिर्फ़ 16 वर्ष की हैं, और मैं उस समय 1718 वर्ष की थी। मुझे गोविंदा जी के साथ डांस करना था। मुझे याद है खासकर उस गाना में, यह मेरे पहले या दूसरे डांस गीतों में से एक था चीची के साथ। मैं बहुत घबराई हुई थी और गणेश आचार्य के साथ भी मेरा पहला गाना था, तो वह भी एक नया संयोजन था।”

सेट पर का माहौल याद करते हुए करिश्मा ने कहा, “मुझे याद है डेविड धवन मेरे पास आए थे और कहा था, “यू नो, ये बहुत ही अच्छे कोरियोग्राफर हैं, ये नए गणेश मास्टर हैं।” वो भी बहुत शरम महसूस कर रहे थे और मैं भी बहुत शरमाई हुई थी। फिर उनको समझाना था और मुझे बताना था कि देखिए, आप गोविंदा जी के साथ डांस कर रही हो, और ये एक आइटम सॉन्ग है।’”

अंत में करिश्मा ने भावुक होकर उस मशहूर गाना को बनाने में लगी मेहनत को याद किया और बताया कि कैसे ऐसी कालातीत कोशिशें आज भी नए प्रतिभाओं को प्रेरित करती हैं।

यह प्रकरण शानदार प्रस्तुतियों, बॉलीवुड की नॉस्टैल्जिक यादों और दिल छू लेने वाले पलों का मनोरंजक संगम साबित होगा। यह सिर्फ़ नृत्य का उत्सव नहीं बल्कि खास यादों, भावनात्मक पलों और सुनहरे दौर की अनकही कहानियों का संगम है, जो दर्शकों को पूरी तरह मनोरंजन देगा।