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कोरोनरी ऑर्बिटल एथेरेक्टॉमी तकनीक से एंजियोप्लास्टी करने वाला राज्य का पहला निजी अस्पताल बना अपोलोमेडिक्स

• भारत भर में ये बहुत कम केंद्रों पर उपलब्ध एंजियोप्लास्टी के लिए सबसे उन्नत तकनीकों में से एक

लखनऊ। अपोलोमेडिक्स लखनऊ में कार्डियोलॉजिस्ट की कुशल टीम ने हाल ही में एक मरीज की कोरोनरी धमनियों में जमा कैल्शियम को निकालने के लिए कोरोनरी ऑर्बिटल एथेरेक्टॉमी तकनीक का उपयोग करके एक जटिल एंजियोप्लास्टी की। इस कीर्तिमान के साथ ही अपोलोमेडिक्स लखनऊ इस जटिल एंजियोप्लास्टी को करने वाला पूरे राज्य का पहला निजी अस्पताल बन गया है।

अपोलोमेडिक्स हॉस्पिटल्स लखनऊ के एमडी और सीईओ डॉ. मयंक सोमानी ने कहा, “मुझे यह घोषणा करते हुए बहुत खुशी हो रही है कि हमारे अस्पताल ने उन्नत कोरोनरी ऑर्बिटल एथेरेक्टॉमी तकनीक का उपयोग करके सफलतापूर्वक एक जटिल एंजियोप्लास्टी की है। यह हमारे लिए गर्व का क्षण है, क्योंकि हम इस स्तर के मेडिकल इनोवेशन की पेशकश करने वाले राज्य के पहले निजी अस्पताल बन गए हैं। कोरोनरी ऑर्बिटल एथेरेक्टॉमी तकनीक एक न्यूनतम इनवेसिव वाली प्रक्रिया है जिसे खास तौर से कोरोनरी धमनी रोग के इलाज के लिए डिज़ाइन किया गया है। यह हमारी कार्डियोलॉजी सेवाओं के लिए एक मूल्यवान उपाधि है  हम अपने रोगियों को सर्वोत्तम देखभाल प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं और नवीनतम तकनीकों और चिकित्सा नवाचारों में निवेश करना जारी रखेंगे। हमेशा की तरह, हमारी प्राथमिकता अपने रोगियों को एक सुरक्षित और आरामदायक वातावरण और उच्चतम स्तर की चिकित्सा प्रदान करना है।”

सर्जरी के बारे में बात करते हुए इंटरवेंशनल कार्डियोलॉजी के सीनियर कंसल्टेंट डॉ. गौतम स्वरूप ने बताया, ”अपोलोमेडिक्स में कोरोनरी ऑर्बिटल एथेरेक्टॉमी तकनीक के जरिए जिस मरीज का ऑपरेशन किया गया उसकी उम्र 78 साल है, जिसकी 20 साल पहले बाईपास सर्जरी हुई थी। ऐसे मामलों में पारंपरिक तरीके काम नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि चूंकि कैल्शियम कोरोनरी धमनियों को सख्त कर देता है, यह किसी भी चिकित्सा उपकरण को सम्मिलित करने की अनुमति नहीं देता है। नया उपकरण कैल्शियम को गोलाकार और आगे-पीछे की गति में काटता है और धमनियों से कैल्शियम को निकालता है। पहले, हम ऐसी स्थितियों में बाईपास सर्जरी का सुझाव देते थे, लेकिन इस कोरोनरी ऑर्बिटल एथेरेक्टॉमी तकनीक के आने से हम उन रोगियों का जीवन और बढ़ा सकते हैं, जिनकी पहले ही बाईपास सर्जरी हो चुकी है और वे बुजुर्ग हैं।”