Thursday , October 1 2026

लक्ष्मण नगरी में 11 दिवसीय पुस्तकों के संसार का आगाज

किताबों से जुड़ें युवा, इतिहास-परंपराओं को जानें : ब्रजेश पाठक : ब्रजेश पाठक 

लखनऊ (टेलीस्कोप टुडे संवाददाता)। ‘पुस्तकें मन एकाग्र करती हैं। अपने इतिहास और परंपराओं से जोड़ती हैं, जबकि मोबाइल फोन में सब कुछ अच्छा नहीं।’ बलरामपुर गार्डेन में गुरुवार को शुरू हुए 23वें राष्ट्रीय पुस्तक मेले का शुभारम्भ करने के पश्चात उक्त विचार उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने व्यक्त किये। इस अवसर पर ईशा-  मीशा रतन की कथक प्रस्तुति भी हुई।

वंदे मातरम् के डेढ़ सौ वर्षों की थीम को समर्पित मेले का भ्रमण करने के उपरांत उपमुख्यमंत्री ने युवाओं को पुस्तक मेले में आने का आह्वान करते हुए कहा कि एक अच्छा लेखक होने के लिए अच्छा पढ़ने वाला होना भी ज़रूरी है। रामविलास शर्मा, निराला और टैगोर के रचना कर्म का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि लेखक समाज को दिशा दिखाता है। संयोजक मनोज सिंह चंदेल और निदेशक आकर्ष चंदेल ने अतिथियों का स्वागत करते हुए आयोजन की निरंतरता और 23 सालों की उपलब्धियों की चर्चा की। 

इसके उपरांत मंच पर रतन सिस्टर्स ईशा-मीशा रतन ने युगल नृत्य की शुरुआत राम वंदना- श्री राम चन्द्र कृपालु भजमन…  से की। इसके उपरांत शुद्ध पक्ष का कथक और कसक मसक जैसी बारीकियों से भरे तराने का आगाज- गुंचा है गुल है सब्जा है…. शेर से की। हाल ही में सुप्रसिद्ध गायक हरिहरन के गाए वंदे मातरम् के साथ की नृत्य प्रस्तुति की झलकियां दिखायीं।

लगभग 75 हजार वर्ग फीट में फैले पुस्तक मेले में 50 से अधिक प्रतिष्ठित प्रकाशकों व वितरकों के 120 से अधिक स्टॉल हैं। मेले में हिंदी, अंग्रेज़ी और अन्य क्षेत्रीय भाषाओं में साहित्य, शैक्षणिक पुस्तकें, बाल साहित्य और दुर्लभ पुस्तकों का संग्रह उपलब्ध है। शुक्रवार से मंच पर साहित्यक आयोजनों का सिलसिला भी शुरू हो जायेगा।

रोज सुबह 11 बजे से रात नौ बजे तक जारी इस मेले में खरीदी गई हर पुस्तक पर कम से कम 10 प्रतिशत की छूट मिलेगी। 

पुस्तक मेले के सहयोगी संस्थान यूपी मेट्रो, रेडियोसिटी, ओरिजिंस, किरण फाउंडेशन, ज्वाइन हैंड्स फाउंडेशन, लोकआंगन, विश्वम् फाउंडेशन्स, विजय स्टूडियो, गोल्डेन ग्रास और कविता किस्से कहानियां हैं।

2 अक्टूबर के कार्यक्रम

  • प्रातः 11.00 बजे – आर्थर्स अड्डा  
  • अपराह्न 12.30 बजे काव्यगोष्ठी – अनुनाद  संस्था 
  • अपराह्न 2.30 बजे पुस्तक लोकार्पण – फ्लाईड्रीम्स 
  • शाम 4.00 बजे कार्यक्रम – इरा पब्लिकेशन 
  • शाम 6.00 बजे पुस्तक चर्चा – सुम्बुल सिद्दीकी 
  • शाम 7.30 बजे काव्य गोष्ठी – उत्कर्ष संस्था