Tuesday , July 16 2024

यूरिया का वजन कम कर दाम में कटौती करना बेमानी : अंकुर सक्सेना

लखनऊ (टेलिस्कोप टुडे)। राष्ट्रीय लोकदल के प्रदेश प्रवक्ता अंकुर सक्सेना ने भाजपा सरकार पर किसान विरोधी व पूंजीपतियों का हितैषी होने का आरोप लगाते हुए कहा कि लगातार यूरिया खाद की बोरी के वजन में कटौती की है। पहले 50 किलो यूरिया खाद की बोरी को 45 किलो किया और अब 40 किलो कर दिया लेकिन उसके मूल्य में कोई कमी नहीं की जिससे किसानों को अपने खेत में यूरिया खाद डालने के लिए दाम ज्यादा देने पड रहे लेकिन यूरिया खाद की बोरी की मात्रा में कटौती होती जा रही है। जिससे किसान पर दोहरी मार पड़ रही है, सही कहा जाय तो किसानों के साथ यह बेमानी है।

श्री सक्सेना ने कहा कि इतना ही नहीं जब कभी यूरिया खाद की कालाबाजारी होती है तो किसान को औने पौने दामों में यूरिया खाद खरीदने के लिए मजबूर होना पड़ता है। छुट्टा जानवरों से किसानों को अपनी फसल बचाने के लिए भीषण शीतलहर में अपनी जान की बाजी लगाकर खेत में ही रुकना पड़ता है लेकिन सरकार छुट्टा जानवरों की रोकथाम के लिए गंभीर नहीं है।

रालोद प्रवक्ता अंकुर सक्सेना ने सरकार से त्वरित मांग करते हुये कहा कि किसानों के हित को दृष्टिगत रखते हुए यूरिया खाद के दाम में तत्काल कमी की जाये और उसका वजन पुनः 50 किलो किया जाए जिससे किसान की फसल लागत निकल सके।