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SLBC : वित्तीय समावेशन और प्राथमिकता क्षेत्र ऋण में प्रगति पर चर्चा

लखनऊ (टेलीस्कोप टुडे संवाददाता)। राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति (एसएलबीसी), उत्तर प्रदेश की मार्च 2026 को समाप्त तिमाही की समीक्षा बैठक शुक्रवार को बैंक ऑफ बड़ौदा के गोमतीनगर स्थित बड़ौदा हाउस में लाल सिंह (कार्यपालक निदेशक, बैंक ऑफ बड़ौदा एवं अध्यक्ष, एसएलबीसी, उत्तर प्रदेश) की अध्यक्षता में हुई।

बैठक में हरि हर मिश्रा (अपर सचिव, वित्तीय सेवा विभाग, भारत सरकार), पंकज कुमार (क्षेत्रीय निदेशक, भारतीय रिज़र्व बैंक, लखनऊ), संदीप कौर (आईएएस, महानिदेशक, संस्थागत वित्त निदेशालय, उत्तर प्रदेश सरकार), अनिल कुमार सिंह (आईएएस, अतिरिक्त आयुक्त एवं अतिरिक्त रजिस्ट्रार, बैंकिंग, सहकारिता, पंकज कुमार (मुख्य महाप्रबंधक, नाबार्ड), शैलेन्द्र कुमार सिंह (महाप्रबंधक, बैंक ऑफ बड़ौदा एवं संयोजक, एसएलबीसी) सहित विभिन्न बैंकों एवं विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रतिभाग किया।

बैठक में शैलेन्द्र कुमार सिंह ने मार्च 2026 तिमाही के दौरान प्रदेश में बैंकिंग क्षेत्र की उपलब्धियों, वित्तीय समावेशन, कृषि एवं एमएसएमई ऋण, प्राथमिकता प्राप्त क्षेत्र ऋण तथा केंद्र एवं राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत हुई प्रगति से सदन को अवगत कराया।

अपने अध्यक्षीय संबोधन में लाल सिंह ने डिजिटल भुगतान एवं प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (DBT) को और सुदृढ़ बनाने पर बल देते हुए प्रदेश में प्रस्तावित निवेशों को आर्थिक विकास के लिए महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने सभी बैंकों से “खेत बचाओ अभियान” के अंतर्गत किसान क्रेडिट कार्ड (KCC) संतृप्तिकरण, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के व्यापक कवरेज तथा e-KCC, JanSamarth Portal एवं Krishika App जैसे डिजिटल माध्यमों के अधिकतम उपयोग का आह्वान किया। साथ ही मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान, ODOP, PM SVANidhi, PM Surya Ghar, PM Vishwakarma, SHG Credit Linkage एवं AIF जैसी योजनाओं में बेहतर प्रदर्शन हेतु बैंकों से विशेष प्रयास करने का अनुरोध किया।

हरि हर मिश्रा ने वित्तीय समावेशन एवं विभिन्न सरकारी ऋण योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर बल देते हुए विभाग द्वारा विकसित समर्पित डिजिटल पोर्टलों के व्यापक उपयोग, ECLGS 5.0 के अधिकतम लाभार्थी कवरेज, महिला लाभार्थियों की भागीदारी बढ़ाने तथा साइबर सुरक्षा एवं जन-जागरूकता को सुदृढ़ करने का आह्वान किया।

संदीप कौर ने प्रदेश के जमा-ऋण अनुपात में सुधार, निम्न CD Ratio वाले जनपदों की नियमित समीक्षा, ऋण मेलों के आयोजन तथा स्वयं सहायता समूहों एवं सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के कवरेज को बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया।

अनिल कुमार सिंह ने कृषि अवसंरचना कोष (AIF) योजना के अंतर्गत लक्ष्य प्राप्ति, परियोजनाओं के अभिसरण, जियो-टैगिंग तथा लंबित मामलों के शीघ्र निस्तारण पर विशेष ध्यान देने का आग्रह किया।

बैठक के दौरान विभिन्न विभागों के नोडल अधिकारियों द्वारा सभी सदस्य बैंकों से केंद्र एवं राज्य सरकार की योजनाओं में प्रगति लाने तथा योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, लंबित प्रकरणों के शीघ्र निस्तारण और पात्र लाभार्थियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने हेतु सक्रिय सहयोग का अनुरोध किया गया। बैठक के अंत में निधि कुमार (उप महाप्रबंधक, एसएलबीसी, उत्तर प्रदेश) ने सभी प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया।