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गोदरेज एंटरप्राइजेज ग्रुप के एनर्जी सॉल्यूशंस बिजनेस में भारी उछाल

₹2,600 करोड़ के प्रोजेक्ट्स के साथ वित्त वर्ष 27 में 15% बढ़त का लक्ष्य

मुंबई (टेलीस्कोप टुडे संवाददाता)। गोदरेज एंटरप्राइजेज ग्रुप के एनर्जी सॉल्यूशंस बिजनेस ने वित्त वर्ष 2026 के अंत तक ₹2,600 करोड़ की एक मजबूत प्रोजेक्ट पाइपलाइन तैयार की है। इसमें बिजली ट्रांसमिशन, रेलवे विद्युतीकरण और रिन्यूएबल एनर्जी (नवीकरणीय ऊर्जा) से जुड़े प्रोजेक्ट्स शामिल हैं। पावर इंफ्रास्ट्रक्चर और स्वच्छ ऊर्जा में बढ़ते निवेश की मदद से, कंपनी को वित्त वर्ष 2027  तक लगभग 15% की वृद्धि की उम्मीद है।

यह वृद्धि ट्रांसमिशन इंफ्रास्ट्रक्चर, ग्रिड मॉडर्नाइजेशन और विद्युतीकरण परियोजनाओं की बढ़ती मांग को दर्शाती है, जो भारत सरकार के देश के पावर सिस्टम को मजबूत करने और बढ़ती ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के प्रयासों के अनुरूप है।

इस वृद्धि पर टिप्पणी करते हुए, गोदरेज एंटरप्राइजेज ग्रुप के एनर्जी सॉल्यूशंस बिजनेस के बिजनेस हेड राघवेंद्र मिर्जी ने कहा, “भारत का अपने पावर इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने और स्वच्छ ऊर्जा स्रोतों की ओर तेजी से बढ़ने पर फोकस, ऊर्जा क्षेत्र में बड़े अवसर पैदा कर रहा है। हमारी मजबूत ऑर्डर बुक ट्रांसमिशन इंफ्रास्ट्रक्चर, रेलवे विद्युतीकरण और रिन्यूएबल एनर्जी सॉल्यूशंस की बढ़ती मांग को दर्शाता है। हम गुजरात और राजस्थान जैसे राज्यों में, जहां रिन्यूएबल क्षमता तेजी से बढ़ रही है, अपनी मौजूदगी बढ़ा रहे हैं। साथ ही महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और तमिलनाडु में भी, जहां औद्योगिक और शहरी मांग बढ़ रही है, ट्रांसमिशन इंफ्रास्ट्रक्चर और ग्रिड मॉडर्नाइजेशन में निवेश बढ़ रहा है। गोदरेज एंटरप्राइजेज ग्रुप में हम भविष्य के लिए तैयार, एकीकृत इंफ्रास्ट्रक्चर उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध हैं, जो देश की बदलती ऊर्जा जरूरतों को पूरा करे।”

पिछले एक साल में कंपनी ने देशभर में कई महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट पूरे किए हैं, जिससे ट्रांसमिशन इंफ्रास्ट्रक्चर, रेलवे विद्युतीकरण और डिस्ट्रीब्यूटेड सोलर सॉल्यूशंस में उसकी क्षमता मजबूत हुई है। इनमें गुजरात में 765kV AIS के 25 यूनिट और GIS बे, विभिन्न क्षेत्रों में 54 यूनिट के 400kV और उससे नीचे के AIS/GIS बे, तथा सिक्किम में 220/132kV AIS सबस्टेशन का कमीशनिंग शामिल है। रेलवे सेक्टर में कंपनी ने तीन रेलवे ट्रैक्शन सबस्टेशन भी स्थापित किए, जिससे रेलवे नेटवर्क के विद्युतीकरण को बढ़ावा मिला।

कंपनी ने अपने रिन्यूएबल कारोबार को भी बढ़ाया है। इसके तहत जयपुर में 6.5 MWp का रूफटॉप सोलर प्रोजेक्ट लगाया गया, जो दिखाता है कि अब कमर्शियल और इंडस्ट्रियल ग्राहक तेजी से सोलर एनर्जी अपना रहे हैं। इस बढ़त को भारत सरकार के पावर इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने और साफ ऊर्जा को बढ़ावा देने पर लगातार जोर से भी समर्थन मिल रहा है, जैसा कि यूनियन बजट 2026-27 में देखा गया है।

इन क्षेत्रों में ट्रांसमिशन, सबस्टेशन और रिन्यूएबल एनर्जी प्रोजेक्ट्स की बढ़ती पाइपलाइन के साथ, गोदरेज का एनर्जी सॉल्यूशंस बिजनेस भारत के ऊर्जा परिवर्तन के अगले चरण में महत्वपूर्ण योगदान देने के लिए तैयार है, साथ ही यूटिलिटी और औद्योगिक ग्राहकों को भरोसेमंद इंफ्रास्ट्रक्चर प्रदान करेगा।