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बुनियादी ढांचा और विनिर्माण पर केंद्रित बजट, देश की विकास यात्रा के लिए निर्णायक रोडमैप : गडकरी

नई दिल्ली : केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने बजट को किसानों, युवाओं और सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) पर केंद्रित बताया। उन्होंने कहा कि यह भारत को विकसित भारत 2047 की दिशा में आगे बढ़ाने वाला है। साथ ही वित्तीय रणनीति उत्पादकता, प्रतिस्पर्धा और उद्यमिता को बढ़ावा देता है और भारत को वैश्विक विनिर्माण और नवाचार का केंद्र बनाने की क्षमता रखता है।गडकरी ने रविवार को सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर अलग-अलग साझा किए गए पोस्ट में कहा कि बजट आर्थिक मजबूती, नागरिक सशक्तिकरण और समान अवसरों पर आधारित है। इसमें बुनियादी ढांचे और स्वास्थ्य क्षेत्र में लक्षित निवेश किए गए हैं, जिससे उत्पादकता बढ़ेगी, जीवन की गुणवत्ता सुधरेगी और आवश्यक सेवाओं तक व्यापक पहुंच सुनिश्चित होगी। आत्मनिर्भरता और सतत क्षमता निर्माण पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि यह बजट भारत की प्रतिबद्धता को दोहराता है कि देश को अवसर‑प्रधान और वैश्विक प्रतिस्पर्धी बनाया जाए।उन्होंने कहा कि बजट में बुनियादी ढांचे को भारत की विकास यात्रा का केंद्र बनाया गया है। कनेक्टिविटी, विनिर्माण और क्षेत्रीय संतुलन पर विशेष ध्यान दिया गया है। इसके तहत 20 नए राष्ट्रीय जलमार्ग बनाए जाएंगे, 7 हाई स्पीड रेल कॉरिडोर शुरू होंगे और ओडिशा, केरल, आंध्र प्रदेश एवं तमिलनाडु में दुर्लभ खनिज कॉरिडोर विकसित किए जाएंगे ताकि रणनीतिक उद्योगों को समर्थन मिल सके।गडकरी ने एक अन्य पोस्ट में कहा कि विनिर्माण और रणनीतिक क्षेत्रों को मज़बूत करने के लिए बायोफार्मा शक्ति, इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन 2.0, इलेक्ट्रॉनिक्स कंपोनेंट्स मैन्युफैक्चरिंग स्कीम और तीन समर्पित रसायन पार्कों की घोषणा की गई है। इसके अलावा 200 पुराने औद्योगिक क्लस्टरों को पुनर्जीवित करने की योजना भी है, जिससे उत्पादकता और रोजगार बढ़ेगा।उन्होंने कहा कि पांच लाख से अधिक आबादी वाले शहरों में बुनियादी ढांचे को प्राथमिकता दी जाएगी। ये शहर नए विकास केंद्र, नवाचार हब और रोजगार के प्रमुख स्रोत बन रहे हैं।गडकरी ने कहा कि बजट में बुनियादी ढांचे को केवल भौतिक संपत्ति नहीं बल्कि मजबूती, अवसर और वैश्विक प्रतिस्पर्धा का साधन माना गया है। उन्होंने इसे भारत की दीर्घकालिक विकास यात्रा का निर्णायक रोडमैप बताया।